घर का सहारा छिना, इकलौते बेटे का शव देख मां-बाप बदहवास।
बिलासपुर! सरगांव के पास बुधवार देर रात सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए सिरगिट्टी के महिमा नगर निवासी 22 वर्षीय अर्जित सरकार की निजी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। हादसे के बाद कल तक सड़क पर बैठे मवेशियों के झुंड से बाइक टकराने की आशंका जताई जा रही थी लेकिन पुलिस जांच और मौके की परिस्थितियों ने हादसे की कहानी को नया मोड़ दे दिया है। दरअसल अज्ञात वाहन की टक्कर से युवक गंभीर रूप से घायल हुआ था अर्जित सरकार रायपुर स्थित गेल इंडिया में वाहन चालक के रूप में कार्यरत था। वह अक्सर रायपुर में रहता था और कभी-कभी घर आता-जाता था। बुधवार को वह मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 10 बीके 5987 से रायपुर के लिए निकला था। सरगांव के पास हुए हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद अर्जित को पहले सरगांव स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां से उसे सिम्स रेफर किया गया। बाद में परिजन उसे निजी अस्पताल ले गए, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई
इधर पुलिस ने घटनास्थल और बाइक की स्थिति की जांच की। बाइक को हुए नुकसान और मौके की परिस्थितियों को देखते हुए अज्ञात वाहन की टक्कर की आशंका मजबूत हुई है पुलिस अब हादसे के दौरान मौजूद परिस्थितियों और टक्कर मारने वाले वाहन की तलाश में जुटी है।

(सिम्स में इलाज में देरी का आरोप,निजी अस्पताल में युवक ने तोड़ा दम)
परिजनों का आरोप है कि गंभीर हालत में अर्जित को सिम्स लाया गया, लेकिन सुबह 8 से दोपहर 12 बजे तक उसे समुचित उपचार नहीं मिला। परिजनों ने उपचार व्यवस्था पर सवाल उठाए नाराज परिजन अर्जित को निजी अस्पताल किम्स ले गए जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
(इकलौते बेटे की मौत से माता-पिता का सहारा छिना)
अर्जित सरकार अपने माता-पिता अजय सरकार और रेबा सरकार का इकलौता पुत्र था। बेटी की डिलीवरी के सिलसिले में माता-पिता दिल्ली गए हुए थे इसी दौरान उन्हें अर्जित के सड़क हादसे में घायल होने की खबर मिली। सूचना मिलते ही वे दिल्ली से बिलासपुर पहुंचे लेकिन यहां उन्हें जवान बेटे का शव मिला बेटे की मौत से परिवार में मातम छा गया। अर्जित ही माता-पिता की देखभाल और परिवार की जिम्मेदारी संभालता था उसकी मौत से बुजुर्ग माता-पिता के बुढ़ापे का सहारा हमेशा के लिए छिन गया।

