– युवाओ ने जिलाधीश को संबंधितो के नाम सौंपे ज्ञापन।

बिलासपुर – एनसीईआरटी की पुस्तकें प्राईवेट स्कूल में लागू करने की मांग को लेकर आज युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष अंकित पाल ने अपने साथियों के साथ जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। प्राइवेट स्कूलों प्रबंध के खिलाफ शिकायत करते हुए कहा कि बिलासपुर जिले के प्राइवेट स्कूलों में एनसीईआरटी की पुस्तकें लागू नहीं किया जा रही है। जबकि केंद्र सरकार के द्वारा आदेश में कहा गया है कि प्राइवेट स्कूलों मे एनसीईआरटी पाठ्यक्रम के पुस्तक लागू होना चाहिए। प्राइवेट स्कूलों में पुस्तकों की कीमत 9000 से 10000 तक है जबकि एनसीईआरटी की पुस्तकें की प्रति कीमत ₹65 से ₹70 के बीच है सरकार का उद्देश्य सामान्य एवं गरीब परिवार पुस्तक के को खरीद सके लेकिन बुक डिपो मनमानी के चलते भारी परेशानियों को सामना अभिभावको को करना पड़ रहा है प्रत्येक वर्ष 40 से 50% कॉपी और किताब का दाम बढ़ता जा रहा है। अभिभावको प्रत्येक बच्चे के पिछे 9000 से ₹ 10000 का कॉपी पुस्तकें और स्टेशनरी सामान खरीदना पड़ता है किसी के 3 बच्चे हैं तो 20,000 से 30,000 खर्च आ रहा है। अंकित पाल ने कहा कि शहर की चार बड़े बुक डिपो में कॉपीयो मे लगने वाले जीएसटी का पक्का बिल भी नहीं दिया जा रहा है कच्ची पर्ची में भी जीएसटी की चोरी की जा रही है और प्राइवेट स्कूलों में किताबे सप्लाई की जा रही है। युवा नेता अंकित पाल ने प्राइवेट स्कूल के मनमानी रवैए की कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर प्रधानमंत्री,राज्यपाल,मुख्यमंत्री,जीएसटी कमिश्नर के नाम ज्ञापन सौंपा है इस अवसर पर मुख्य रुप से हितेश साहू,सन्नी कौशिक,मुकेश वर्मा,गोकुल ध्रुव एवम् अन्य युवा मोर्चा के कार्यकर्ता उपस्थित थे।

