बिलासपुर – शहर के मंगला चौक स्थित सेंट विंसेंट पलोटी स्कूल में गुरुवार को ब्लास्ट हो गया। इस घटना में कक्षा 4 की एक छात्रा बुरी तरह से झुलस गई। छात्रा को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां पर उसकी इलाज चल रही है।
मंगला चौक स्थित सेंट विंसेंट पलोटी स्कूल में गुरुवार को रोज की तरह बच्चे पढ़ाई कर रहे थे। कुछ क्लासों में परीक्षा चल रही थी। इसी दौरान एक 4थीं क्लास की 10 वर्षीय बच्ची वॉशरूम गई। वॉशरूम का उपयोग करने के बाद बच्ची ने फ्लैश का बटन पुश किया और ब्लास्ट हो गया। इसके साथ अंदर से बच्ची बचाओ बचाओ चिल्लाने लगी। इस आवाज को सुनते ही स्कूल में पदस्थ आया और अन्य स्टाफ वॉशरूम की तरफ भागे। लेकिन वॉशरूम अंदर से बंद था और बच्ची अंदर से चिल्ला रही थी। स्कूल में कोहराम मच गया और अफरा तफरी मच गई। किसी ने दरवाजा का ऊपरी हिस्सा तोड़ा फिर दरवाजा खोलकर बच्ची को बाहर निकाला गया। लेकिन बच्ची का पैर, पीठ और बाल झुलस चुका था। आनन फानन में बच्ची को हॉस्पिटल में भर्ती किया गया। जहां उसका इलाज किया जा रहा है। बच्ची के अभिभावकों को भी सूचना देकर बुलाया गया। फिलहाल बच्ची का इलाज चल रहा है। बताया जा रहा है कि घटनास्थल से सिल्वर रंग की 1 पैकिंग सामग्री बरामद हुई है, जिससे आशंका जताई जा रही है कि कोई रासायनिक पदार्थ इसमें रखा गया था। प्राथमिक जांच में अनुमान लगाया जा रहा है कि यह पदार्थ संभवतः लैब में उपयोग होने वाला कोई केमिकल हो सकता है। हालांकि यह अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है कि यह किसी की साजिश थी या किसी छात्र की शरारत है। बताया जा रहा है कि किसी ने लैब से सोडियम निकलकर एल्युमिनियम फॉयल में लपेटकर टॉयलेट पर रख दिया था। जैसे ही बच्ची ने टायलेट का फ्लश दबाया तो पानी के संपर्क में आते ही सोडियम रिएक्ट हुआ और जोरदार धमाका हो गया

– स्कूल के प्राचार्य सुनित कुमार ने मीडिया को बताया कि स्कूल के छात्रों के ही द्वारा इस तरह की बदमाशी की गई है। स्कूली बच्चों को रोक कर इस संबंध में पूछताछ करने पर पता चला है की आठवीं कक्षा के छात्रों ने सोडियम लाकर छात्राओं के बाथरूम में रख दिया था। स्कूल में परीक्षा चल रही है लिहाजा छात्रों के बैग की तलाशी नहीं हो पाई थी। घायल छात्रा को बर्न स्पेशलिस्ट के यहां भर्ती करने की बात प्रिंसिपल ने कही है।

– वही एक अन्य छात्रा के पिता ने कहा कि स्कूल प्रबंधन हमेशा से लापरवाही बरतता रहा है और विद्यार्थियों के प्रति स्कूल की कोई जवाबदारी नहीं होती। यहां सीसीटीवी कैमरा भी बंद है। बाथरूम में मेरी भी बच्ची गई हुई थी पर किसी तरह हादसे का शिकार होने से बच गई। मैं दोषियों को सजा दिलाने की मांग करता हूं। जो बच्ची घायल हुई है उसके परिजनों से बात की जाएगी। वे यदि कहेंगे तो स्कूल के खिलाफ धरना दिया जाएगा।

