– हर सोमवार अलग अलग हो रहा श्रृंगार फूलो से सज रहें भोलेनाथ।बिलासपुर सिरगिट्टी – सावन के दूसरे सोमवार पर नगर के प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी तो शिवालय भी हर-हर महादेव से गूंजत रहे सुबह से शाम तक पूजा अर्चना के बाद शाम को प्रतिदिन की भाति सिरगिट्टी स्थित स्वयंभु मंदिर में भोले बाबा का राजश्री श्रृंगार के साथ रुद्राभिषेक भी किया गया।
सोमवार सुबह से ही सिरगिट्टी बस्ती बैजनथिया तालाब स्थित स्वयंभू मंदिर शिव नाम की गूंज सुनाई देने लगी किसी भक्त ने बेल पत्र धतूरा चढ़ाकर भगवान भोलेनाथ को मनाया तो कोई दूध और गंगाजल का अभिषेक करने में लीन दिखा मंदिर मे भक्तों की आस्था में कोई कमी नजर नहीं आ रही है। नगर के बुजुर्गों की माने तो सन 1963 में तालाब के मेड से एक पत्थर नुमा आकार का शिवलिंग देखा गया,जो तिरछा था गाँव के लोगो ने मिलकर उसे निकालने व सीधा करने कमर तक मिट्टी की खुदाई की परन्तु शिवलिंग को हिला न सके उक्त गड्ढे में पानी भी डाला गया।परन्तु उससे भी शिवलिंग नही हिला लोगों ने वहाँ पूजा अर्चना करना प्रारंभ कर दिए,लोगो में आस्था इतना जटिल हो गया कि चंदा करके वहाँ छोटा सा मंदिर बनवाए देखते देखते लोगो का आस्था बढ़ता गया नगर की महिलाओ की माने तो इस मंदिर से संतान प्राप्ति निश्चित ही सम्भव है बस मन मे सच्ची भावना व भगवान के प्रति विश्वास हो मान्यता यह भी है कि यहां पुरी भक्तिभाव से मांगी गई हर मन्नत भगवान के कृपा से जल्द ही पूरी हो जाती है।

