– सिरगिट्टी पुलिस मामला दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

बिलासपुर सिरगिट्टी – थाना सिरगिट्टी अंतर्गत एक तालाब किनारे एक नवजात बच्चे का शव मिलने से क्षेत्र में शोक और आश्चर्य की लहर दौड़ गई। घटना उस समय सामने आई जब स्थानीय निवासियों ने सुबह तालाब में कपडे से लिपटे शव देखा। देखते ही देखते लोगों की भीड़ एकत्रित हो गई और सूचना पुलिस को दी गई पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को तालाब से बाहर निकाला और मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना नयापारा स्थित बड़ा तालाब का है जहाँ गुरुवार की सुबह एक युवक ने तालाब किनारे कचरे के ढेर पर पेटीकोट मे लिपटे हुए एक नवजात शिशु का शव देखा जिसकी सुचना युवक द्वारा डायल 112 को दी गई मौके मे पहुचे पुलिस कर्मियों द्वारा स्थानीय लोगो की मदद से शव को बाहर निकाले व पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। इस संबंध मे पुलिस आसपास लोगो से कुछ जानकारी जुटाना चाहा परन्तु किसी प्रकार की जानकारी नहीं मिल पाई सूत्रों की माने तो नवजात शिशु लगभग 5 – 6 माह का बताया जा रहा है सिरगिट्टी पुलिस मामला दर्ज कर जांच मे जुटी हुई है। वही नवजात बच्चे के शव को लेकर तरह-तरह की चर्चाए हो रही है। कुछ लोगों का कहना है की लोकलाज के भय के चलते नवजात को लाकर तालाब किनारे फेका गया है। वही एक कलयुगी मां की क्रूरता के चलते सबको हैरत में डाल दिया बच्चे के शव देख हर शख्स इस कृत्य को करने वाले को कोस रहा था।
(नवजात हो गया था पूरी तरह विकसित)
मां मेरी क्या गलती थी आखिर मैं आपके कलेजे का टुकड़ा क्यों न बन सकी मुझे भी आपके वात्सल्य की छांव का इंतजार था दुनिया देखनी थी। इतने दिन आपने मुझे गर्भ में रखा जब आपकी गोद में किलकारियों का वक्त आया तो तालाब में फेंक दिया। आपका तनिक भी कलेजा न कलपा मेरी जान निकल रही थी मगर आप में से कोई बचाने न आया आखिर तू कैसे पत्थर दिल हो गई यह दर्द उस नवजात का था उसे देखने वाले अधिकांश लोगो के आँखों मे आँसू था।
(आखिर जन्म से पहले ही इस तरह के कृत्य को कौन दे रहा अंजाम )
नवजात शिशु जो की अपने माँ के गर्भ मे नौ महीने रहता है जिसके बाद उसका जन्म होता है। परन्तु यह बच्चा पूर्ण विकसित होने के बाद भी आज तालाब किनारे पाया गया है इससे साफ है की बच्चे का जन्म समय से पहले हुआ या फिर कराया गया है। जो किसी जानकार चिकित्सक के निगरानी मे न होना सम्भव ही नहीं है। हालांकि सिरगिट्टी इलाके मे कुछ दवाखाना खुल चूका है जो इस तरह के कृत्य को अपना पेशा बना चूका है वही विभाग भी आँख मुंद कर सब कुछ अनदेखा कर रहा है तभी तो पुरे इलाके मे झोलाछाप डॉक्टरो पर कार्रवाई हुई पर इस इलाके मे मजाल है की किसी झोलाछाप डॉक्टर पर कार्रवाई हुई हो।

