– कई वर्षो से जर्जर भवन मे बच्चे अभी भी कर रहे पढ़ाई।
– दो वर्ष पूर्व बन्नाक डीह तो वर्तमान मे कोरमी स्कूल से छत का प्लास्टर गिरा।

सिरगिट्टी -(फोटो) शहर के साथ ही ग्रामीण इलाकों मे कई वर्षो पूर्व बने स्कूल भवन व कमरे जर्जर हो चुकी है सिरगिट्टी से लगे एक स्कूल मे दो वर्ष पूर्व प्रधान पाठक कार्यालय के छत का प्लास्टर गिरा था वही एक बार फिर एक स्कूल भवन के छत का प्लास्टर गिरने का मामला सामने आया है। इस बार ग्राम पंचायत कोरमी स्थित एक सरकारी स्कूल का छत भरभरा कर गिर गया गनीमत रही इस दौरान बच्चे व शिक्षक कक्षा से बाहर प्रार्थना में शामिल थे वरना एक बड़ी दुर्घटना घट सकती थी। निगम क्षेत्र सिरगिट्टी से लगे ग्राम पंचायत कोरमी मे जनपद प्राथमिक स्कूल है जिसका संकुल धुमा है उक्त स्कूल मे बीते दिनों कक्षा तीसरी के छत का प्लास्टर भरभरा कर गिर गया हालांकि उसी समय स्कूल लगने का समय हुआ था और शिक्षक व बच्चे प्रार्थना मे शामिल थे। वहा पदस्य शिक्षक ने बताया की ज़ब छत का प्लास्टर गिरा तब जोर से आवाज आई आकर देखने पर पंखे के पट्टी को मोड़ते हुए छत का प्लास्टर जमीन पर गिरा हुआ था । शिक्षको ने बताया की कुछ समय बाद यह घटना हुई होती तो न जाने क्या होता गनिमत रही कोई बड़ी घटना नहीं घटी दरअसल उक्त स्कूल मे बने कुछ कमरो के छत मे बारिश का पानी रम गया है उक्त स्कूल के कुछ कमरों मे तो छत का प्लास्टर कई जगह से गिर चूका है तो कुछ जगह सिमेंट का पपड़ी उखड़ा दिखाई पड़ रहा है। जो कभी भी इसी तरह भरभरा कर गिर सकता है हालांकि इसकी जानकारी वहा पदस्थ हेडमास्टर द्वारा विकास खण्ड अधिकारी व संबंधित विभाग को लिखित मे दी गई है जिसपर विभाग द्वारा उच्च अधिकारी को अवगत कराने की बात कही जा रही है। परन्तु देखना होगा विभाग इतने सालो से बने स्कूल भवन की ओर रुख कब मोड़ते है नए जिले मे स्कूल मरम्मत को लेकर राशि स्वीकृत की गई है जो की अच्छी पहल है इसी तरह बिलासपुर सहित विकास खण्ड बिल्हा अंतर्गत अनेक स्कूल है जिसका कयाकल्प बदलने की जरूरत है ।

(बारिश का पानी छत से टपकता था देख कराई गई थी जलछत) बीते कुछ वर्ष पहले बारिश का पानी छत से टपकता था जिसे ग्राम पंचायत के द्वारा जलछत कराने का कार्य किया गया था। उसके बाद भी स्थिति वही रही न जाने पंचायत द्वारा उसपर किस प्रकार जलछत कराया गया था बारिश के दिनों मे पानी छत से टपकते हुए बच्चों के स्कूली कपडे व कॉपी पुस्तक मे पड़ता था। बारिश के समय अधिकांश दिन अलग कमरे मे बच्चों को बैठाना शिक्षको की मजबूरी बन गई थी हालही मे छत का प्लास्टर गिरने पर पुनः बच्चों को अन्य कक्षा मे बैठाया जा रहा है।

(बारिश के दिनों मे स्कूल प्रांगण कीचड मे तब्दील) हालही मे बारिश का मौषम है जरा सी बारिश होने पर स्कूल प्रांगण मे पानी भर जा रहा है जिसके चलते स्कूली बच्चों सहित शिक्षको को काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। बीते दिनों दो दिनों तक रुक रुक कर हुई बारिश के चलते स्कूल प्रांगण तालाब मे तब्दील हो चूका था हालांकि इन दोनों स्कूल की छुट्टी रही परन्तु बारिश का पानी सूखने के बाद यहां कीचड ही कीचड है जिसपर से बच्चे चल कर शिक्षा के मंदिर मे कदम रखने मजबूर दिखाई दिए।
(इसी स्कूल प्रांगण मे ग्रामीणों का कब्जा )
ग्राम पंचायत कोरमी मे एक यही स्कूल है जहाँ स्थान तो हाई स्कूल बनाने का भी है परन्तु यहां ग्राम के कुछ लोगो ने अपना कब्जा स्थापित कर मकान बना रखे है बीते दिनों जिसकी शिकायत वहा के शिक्षको ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन के माध्यम से किए थे। जिसके बाद आगे की कार्रवाई कहा तक हुई इस संबंध मे संबंधित हल्का पटवारी आभा रानी तिर्की के मोबाइल नंबर पर सम्पर्क करने का प्रयास किया गया परन्तु उनके द्वारा फोन नहीं उठाया गया बहरहाल अभी तक लोगो का कब्जा जस के तस है।
सुनीता ध्रुव -(बी.ई.ओ बिल्हा)
घटना की जानकारी पदस्य प्रधान पाठक के द्वारा स्कूल मे कक्षा तीसरी के छत का प्लास्टर गिरने की जानकारी दी गई थी। अच्छी बात है की बच्चों को किसी प्रकार नुकशान नहीं हुआ है सभी सुरक्षित है घटना को संज्ञान मे लेते हुए उच्च अधिकारी को अवगत कराई गई है ।

