– आदम जमाने की बनी कच्ची सड़क पक्की बनाने कोई पहल नहीं।
– बारिश के दिनों मे सड़क पर भरा रहता है घुटनो तक पानी जान हथेली मे रख ग्रामीण करते है आवागमन।
– 25 वर्ष पहले सड़क पर डाला गया था गिट्टी व पत्थर आज भी जस के तस ।

बिलासपुर ग्रामीण – विकास खंड बिल्हा अंतर्गत आने वाले दर्जनों ग्राम मे एक गाँव ऐसा भी है जहाँ चलने लोग पैडगरी का सहारा लेते हैं एक गाँव से दूसरे गाँव को जोड़ने वाली गाँव की मुख्य सड़क आदम जमाने की गाड़ारवन से कम नहीं है। बावजूद इस सड़क से न केवल ग्रामीण गुजारा कर रहें है स्कूली बच्चे भी इस उबड़ खाबड सड़क पर चल कर शिक्षा के मंदिर तक जाने बेबस व लाचार है।
कहते हैं कि किसी क्षेत्र या गांव का विकास वहां की सड़कों से होता है क्योंकि यदि सड़क होगी तो लोगों तक मूलभूत सुविधाएं आसानी से पहुंचाई जा सकती हैं लेकिन यदि सड़क ही न हो तो स्वास्थ्य सुविधाएं के साथ ही कई सुविधा से लोग वंचित हो जाते है। यही हाल बिल्हा विकासखंड के ग्राम पंचायत फदहा से सारधा व कुँवा जाने वाली 6 किलोमीटर सड़क की है इस गांव तक पहुंचने के लिए आदम जमाने की बनी एक कच्ची सड़क है जिसमे कभी कभी पत्थर व सिल्ली डाला जाता है। परन्तु इस सड़क पर किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य नहीं किया जा रहा है उक्त सड़क से होकर स्कूली बच्चे न केवल स्कूल जाते है बल्कि गाँव के ग्रामीणों के साथ किसान हालही मे इसी सड़क से धान की बिक्री करने धान मंडी तक गए है उक्त सड़क के चलते इस गांव के लोगों को स्वास्थ्य,शिक्षा सहित कई समस्या से जूझना पड़ रहा है यहा के लोग स्वम के द्वारा गिट्टी पत्थर डालकर गुजारा करने मजबूर है जिस सड़क से ग्रामीणों के मोटरसाइकिल ही गुजर पा रही है ।
(कच्ची सड़क पर एम्बुलेंस तो दूर मोटर सायकल चलना मुश्किल) उक्त कच्ची सड़क की स्थिति इतनी दयनीय है की इसके चलते यहा के ग्रामीणों को स्वास्थ्य सुविधा के लिए तरसना पड़ता है। सड़क की स्थिति इतनी खराब है की यहा अगर कोई बीमार हो तो उसे पहले मोटरसाइकिल में बैठकर गाँव के बाहर लाया जाता है। गाँव तक एम्बुलेंस पहुंच नहीं पाती इसलिए एम्बुलेंस चालक आने से कतराते है यहा कई लोगो की जान उचित समय मे इलाज नहीं होने के कारण हो चुकी है।
शहन गेंदले -(सरपंच फदहा)
गाँव की मुख्य सड़क नाम मात्र की है असल मे जिस सड़क पर ग्रामीण व स्कूली बच्चे चलकर आते जाते है वही आजादी के बाद से अब तक शिवाय गड़ा रवण के जैसा ही है। परन्तु अब उसमे बैल गाडी नहीं हम ग्रामीण चलते है सड़क की स्थिति से जिला कलेक्टर महोदय से लेकर संबंधित सभी से आवेदन निवेदन किए परन्तु आज तक उस सड़क की स्थिति से हमें निजात नहीं मिल पाया है।

